रामगढ़ की प्रोबेशन ऑफिसर सिमरन कुमारी और कंप्यूटर ऑपरेटर 5 हजार घूस लेते रंगे हाथों गिरफ्तार
हजारीबाग/रामगढ़।झारखण्ड में भ्रष्टाचार के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने एक और बड़ी कार्रवाई की है। ACB हजारीबाग की टीम ने रामगढ़ जिला प्रोबेशन कार्यालय में छापेमारी कर प्रोबेशन ऑफिसर सिमरन कुमारी और उनके कार्यालय में कार्यरत कंप्यूटर ऑपरेटर (गृह रक्षक) सुजीत पासवान को घूस लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया है।
सरकारी अनुदान के बदले मांगी थी 10,000 रुपये की रिश्वत
मामला रामगढ़ जिले के रजरप्पा थाना क्षेत्र के बड़की पोना गांव का है। आवेदक त्रिदेव कुमार (27 वर्ष) के परिवार को सरकार की तरफ से 5,00000 रुपये (5 लाख) की अनुदान राशि मिलनी थी। इस राशि में नियमानुसार वृद्धि कराने के लिए त्रिदेव कुमार ने रामगढ़ की प्रोबेशन ऑफिसर सिमरन कुमारी से मुलाकात की थी।आरोप है कि प्रोबेशन ऑफिसर ने त्रिदेव को अपने कंप्यूटर ऑपरेटर सुजीत से मिलने को कहा। जब आवेदक सुजीत से मिला, तो अनुदान राशि का सत्यापन प्रतिवेदन भेजने के एवज में 10,000 रुपये की रिश्वत की मांग की गई।आवेदक त्रिदेव कुमार रिश्वत नहीं देना चाहते थे, इसलिए उन्होंने सीधे भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB), हजारीबाग के पुलिस अधीक्षक से लिखित शिकायत कर दी।
सत्यापन में सही पाया गया आरोप:ACB की टीम ने तकनीकी यंत्रों की मदद से जब मामले का गोपनीय सत्यापन कराया, तो रिश्वत मांगने का आरोप पूरी तरह सही पाया गया। इसके बाद 15 जून 2026 को हजारीबाग थाना में कांड संख्या 05/2026 के तहत मामला दर्ज किया गया।
ट्रैप टीम की छापेमारी: आज, 16 जून 2026 को ACB ने मजिस्ट्रेट और दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में एक विशेष ट्रैप टीम का गठन किया।
रंगे हाथों गिरफ्तारी: जैसे ही कंप्यूटर ऑपरेटर सुजीत पासवान ने प्रोबेशन ऑफिसर के निर्देश पर आवेदक से रिश्वत की पहली किस्त के रूप में 5,000 रुपये लिए, ACB की टीम ने उसे धर दबोचा। इसके तुरंत बाद मुख्य आरोपी प्रोबेशन ऑफिसर सिमरन कुमारी (31 वर्ष) को भी उनके कार्यालय से विधिवत गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपियों का विवरण:
सिमरन कुमारी (उम्र 31 वर्ष): पति – सुमित कुमार, निवासी – बंशीलाल चौक, थाना – बड़ा बाजार ओ०पी०, जिला – हजारीबाग (वर्तमान पद – प्रोबेशन ऑफिसर, रामगढ़)।
सुजीत पासवान: पिता – बलराम पासवान, निवासी – आछोडीह, जिला – गढ़वा (वर्तमान में रामगढ़ प्रोबेशन कार्यालय में गृह रक्षक सह कंप्यूटर ऑपरेटर के पद पर कार्यरत)।

ACB की इस धुआंधार कार्रवाई से रामगढ़ प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के नाम पर जनता को चूसने वाले अफसरों के लिए ACB की यह कार्रवाई एक बड़ा सबक है।

