गोड्डा के पोड़ैयाहाट में मुखिया पर दिनदहाड़े फायरिंग, बाल-बाल बचे;आक्रोशित ग्रामीणों ने थाना घेरा…हत्याकांड का मुख्य गवाह हैं मुखिया

 

गोड्डा।जिले के पोड़ैयाहाट थाना क्षेत्र में गुरुवार को उस समय सनसनी फैल गई जब पोड़ैयाहाट पंचायत के मुखिया अनुपम भगत उर्फ लड्डू पर दिनदहाड़े जानलेवा हमला किया गया। मुख्य बाजार स्थित पंडित टोला कांबली बगीचा के समीप बाइक सवार अपराधियों ने उन पर दो राउंड फायरिंग की। गनीमत रही कि गोली उन्हें नहीं लगी और वे बाल-बाल बच गए। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार मुखिया अनुपम भगत भारतीय स्टेट बैंक शाखा से अपने घर लौट रहे थे। इसी दौरान पहले से घात लगाए दो बाइक पर सवार चार अपराधियों ने उन्हें निशाना बनाया। अपराधियों ने नजदीक से ताबड़तोड़ फायरिंग की। गोली चलने की आवाज से बाजार में अफरा-तफरी मच गई। घटना को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और जांच के दौरान एक खोखा बरामद किया।

पहचान करने का दावा किया है। उन्होंने बताया कि हमले में द्रुपद गांव निवासी नयन यादव, अंकित यादव तथा यादव टोला निवासी विकास यादव शामिल थे। मुखिया का आरोप है कि सभी आरोपी सुनियोजित साजिश के तहत उनकी हत्या करने पहुंचे थे।

शैलेंद्र भगत हत्याकांड के मुख्य गवाह हैं मुखिया:
मामला इसलिए भी गंभीर माना जा रहा है क्योंकि अनुपम भगत वर्ष 2024 के चर्चित शैलेंद्र भगत हत्याकांड के प्रमुख गवाह हैं। उन्होंने न्यायालय में जाकर आरोपियों के खिलाफ गवाही दी थी। मुखिया और उनके समर्थकों का मानना है कि इसी वजह से उन्हें निशाना बनाया गया है।

हजारों ग्रामीणों का थाना घेराव, गिरफ्तारी की मांग:
घटना की खबर फैलते ही आसपास के गांवों से सैकड़ो ग्रामीण पोड़ैयाहाट थाना पहुंच गए। आक्रोशित लोगों ने थाना का घेराव कर जमकर नारेबाजी की और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि दिनदहाड़े एक जनप्रतिनिधि पर हमला होना कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़ा करता है।

ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि शैलेंद्र भगत हत्याकांड के गवाह होने के बावजूद अनुपम भगत को पर्याप्त सुरक्षा उपलब्ध नहीं कराई गई। उनका कहना है कि मुखिया को पहले से धमकियां मिल रही थीं, फिर भी प्रशासन ने सुरक्षा को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई।

घटना के बाद पूरे पोड़ैयाहाट क्षेत्र में तनाव का माहौल है। एहतियातन मुखिया के आवास और मुख्य बाजार में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि 12 घंटे के भीतर आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो आंदोलन को और उग्र रूप दिया जाएगा।फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है और फरार आरोपियों की तलाश के लिए छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है।

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