राँची से रहस्यमय ढंग से लापता मां-बेटी आरा से सकुशल बरामद, फिरौती कॉल ने बढ़ाया मामला का रहस्य..
राँची। राजधानी राँची के धुर्वा थाना क्षेत्र से रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हुई मां-बेटी को राँची पुलिस ने बिहार के आरा जिले से सकुशल बरामद कर लिया है। हालांकि, दोनों के गायब होने के दौरान परिजनों से एक लाख रुपये की फिरौती मांगने वाले अज्ञात व्यक्ति की भूमिका ने पूरे मामले को और रहस्यमय बना दिया है। पुलिस सभी पहलुओं की गहन जांच में जुटी हुई है।
जानकारी के अनुसार, झारखण्ड पुलिस में कार्यरत सुधीर कुमार सिंह की पत्नी सुनीता देवी और उनकी 19 वर्षीय बेटी काजल कुमारी शनिवार को अचानक घर से लापता हो गई थीं। मां-बेटी के एक साथ गायब होने से परिवार में हड़कंप मच गया था। उनकी तलाश में सुधीर सिंह ने सोशल मीडिया और सार्वजनिक स्थानों पर पोस्टर जारी किए थे तथा धुर्वा थाना में गुमशुदगी की प्राथमिकी दर्ज कराई थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए राँची पुलिस ने तत्काल कार्रवाई शुरू की। तकनीकी और मानवीय सूचनाओं के आधार पर पुलिस टीम ने दोनों को बिहार के आरा जिले से सुरक्षित बरामद कर लिया। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट हुआ है कि मां-बेटी का अपहरण नहीं हुआ था। हालांकि वे किन परिस्थितियों में और किस कारण राँची से आरा पहुंचीं, इसका खुलासा अभी नहीं हो पाया है। पुलिस इस संबंध में दोनों से पूछताछ कर रही है।
इस मामले का सबसे चौंकाने वाला पहलू फिरौती की मांग है। मां-बेटी के लापता रहने के दौरान सुधीर सिंह और उनके बेटे के मोबाइल फोन पर एक अज्ञात नंबर से लगातार कॉल आ रहे थे। कॉल करने वाला व्यक्ति मां-बेटी की सुरक्षित वापसी के बदले एक लाख रुपये की मांग कर रहा था।
पुलिस ने फिरौती के लिए इस्तेमाल किए गए मोबाइल नंबर को ट्रेस करना शुरू कर दिया है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि कॉल करने वाला व्यक्ति मां-बेटी के गायब होने की घटना से जुड़ा था या फिर परिवार की परेशानी का फायदा उठाकर ठगी की कोशिश कर रहा था।
फिलहाल मां-बेटी के सकुशल मिलने से परिजनों और पुलिस ने राहत की सांस ली है, लेकिन उनके अचानक राँची से आरा जाने और फिरौती कॉल के पीछे की सच्चाई अब भी रहस्य बनी हुई है। पुलिस मामले की हर एंगल से जांच कर रही है।

