राँची पुलिस की महा-मुहिम: थानों में उमड़ा फरियादियों का जनसैलाब, एसएसपी समेत आला अफसरों ने मौक़े पर निपटाए 160 मामले, 11 गंभीर केसों में तुरंत FIR दर्ज

राँची। जनता की समस्याओं के त्वरित और ऑन-द-स्पॉट निवारण के लिए राँची पुलिस ने आज एक बेहद सराहनीय और ऐतिहासिक पहल की है। वरीय पुलिस अधीक्षक राकेश रंजन के नेतृत्व में पूरे राँची जिला के विभिन्न थानों और ओपी में ‘जनशिकायत समाधान कार्यक्रम’ का बड़े पैमाने पर आयोजन किया गया। पुलिस की इस अनूठी और संवेदनशील मुहिम को आम जनता का भारी समर्थन मिला और अपनी शिकायतों को लेकर थानों में फरियादियों का जनसैलाब उमड़ पड़ा। पुलिस के इस कड़े और सक्रिय रुख का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि महकमे के सबसे बड़े अफसरों ने खुद फ्रंटलाइन पर रहकर मोर्चा संभाला और जनता की समस्याओं को सुना।
एसएसपी से लेकर सिटी, ग्रामीण और ट्रैफिक एसपी तक खुद पहुंचे जनता के द्वार
इस जनशिकायत कार्यक्रम की सबसे बड़ी खासियत यह रही कि आम जनता को अपनी गुहार लेकर दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने पड़े, बल्कि पुलिस के शीर्ष अधिकारी खुद उनके बीच पहुंचे। पूर्व निर्धारित शेड्युल के तहत स्वयं राँची के वरीय पुलिस अधीक्षक ने लालपुर थाना में कमान संभाली। वहीं, पुलिस अधीक्षक (नगर) ने सुखदेवनगर एवं कोतवाली थाना में, पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) ने सुदूर ग्रामीण इलाके बूढ़मु थाना में और पुलिस अधीक्षक (यातायात) ने अरगोड़ा थाना में उपस्थित रहकर जनता की एक-एक फरियाद को गंभीरता से सुना और उनका निपटारा किया। इसके अलावा तमाम डीएसपी ने कम से कम दो थानों में अपना समय दिया और जिले के सभी थाना व ओपी प्रभारी पूरे समय मुस्तैद रहकर आम जनता से मिले। कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पुलिस ने पहले ही प्रेस और सोशल मीडिया के जरिए इसका व्यापक प्रचार-प्रसार किया था ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंदों तक कानूनी मदद पहुंच सके।
380 अर्जियों में से 160 का ऑन-द-स्पॉट निपटारा, पुलिस की कार्यशैली से जनता गदगद
राँची पुलिस की इस मुहिम के प्रति जनता का भरोसा साफ देखने को मिला। थानों में कुल मिलाकर करीब 380 मामले और आवेदन प्राप्त हुए। जनता को तुरंत राहत पहुंचाने के अपने संकल्प को दोहराते हुए राँची पुलिस ने तत्परता दिखाई और रिकॉर्ड समय में 160 शिकायतों का त्वरित निष्पादन (निपटारा) आज ही के आज मौके पर कर दिया। पुलिस की इस सुपरफास्ट और संजीदा कार्यशैली को देखकर थानों में पहुंचे आम नागरिकों ने राँची पुलिस के इस प्रयास की दिल से सराहना की और आभार जताया।
गंभीर मामलों पर कड़ा प्रहार: शादी का झांसा देकर यौन शोषण और जमीन विवाद के 11 मामलों में तुरंत FIR
जनसुनवाई के दौरान केवल छोटी-मोटी शिकायतें ही नहीं, बल्कि कई बेहद गंभीर और संवेदनशील मामले भी पुलिस के सामने आए। इनमें शादी का झांसा देकर यौन शोषण, जमीन विवाद, चोरी और महिला उत्पीड़न जैसे संगीन अपराध शामिल थे। इन मामलों पर त्वरित और कड़ा एक्शन लेते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर बिना एक पल गंवाए अविलंब प्राथमिकी (FIR) दर्ज करने का आदेश दिया गया।
पुलिस ने संवेदनशीलता और सख्ती की मिसाल पेश करते हुए तुरंत कुल 11 कांड दर्ज कर उनका अनुसंधान (जांच) शुरू कर दिया है। इनमें अरगोड़ा थाना (कांड सं0 169/26), धुर्वा थाना (कांड सं0-157/26), डोरंडा थाना (कांड सं0-167/26), सदर थाना (कांड सं0-321/26 एवं 322/26), सुखदेवनगर/पंडरा ओ०पी० (कांड सं0-233/26 एवं 234/26), ओरमांझी थाना (कांड सं0-111/26), माण्डर थाना (कांड सं0-78/26) और सोनाहातु थाना (कांड सं0-47/26) शामिल हैं। इसके अलावा शेष बचे अन्य सभी आवेदनों पर भी पुलिस अधिकारियों द्वारा पूरी गुणवत्ता और पारदर्शिता के साथ जांच की जा रही है। राँची पुलिस के इस ‘सिंघम अवतार’ और जनता के प्रति दोस्ताना व्यवहार ने यह साबित कर दिया है कि राजधानी में कानून व्यवस्था पूरी तरह चाक-चौबंद है और अपराधियों के खिलाफ पुलिस का हंटर चलने के लिए हमेशा तैयार है।

