रामगढ़ में वर्दी पर उठे सवाल:500 रुपये की कथित रिश्वत न देने पर मत्स्य मित्र से मारपीट, CM हेमंत सोरेन ने दिए सख्त कार्रवाई के निर्देश…
रामगढ़।झारखण्ड के रामगढ़ जिले में पुलिस की कार्यशैली को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। गोला थाना क्षेत्र में मछली के बीज लेकर जा रहे एक मत्स्य मित्र और उसके पुत्र ने पुलिसकर्मियों पर 500 रुपये कथित रिश्वत मांगने तथा पैसे देने से इनकार करने पर मारपीट करने का आरोप लगाया है। मामला सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने संज्ञान लेते हुए दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ तत्काल और कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
मंगलवार को बरलंगा निवासी मत्स्य मित्र शिवनारायण केवट और उनके पुत्र पवन कुमार केवट पिकअप वैन से मछली के बीज लेकर बेटुलकला पंचायत के पतरातू गांव स्थित तालाब की ओर जा रहे थे। इसी दौरान पूरबडीह जंगल के पास गोला थाना की पेट्रोलिंग टीम ने वाहन को रोक लिया।
पीड़ितों का आरोप है कि पुलिसकर्मियों ने वाहन की जांच के बाद उनसे 500 रुपये मांग की। जब पवन कुमार ने पैसे देने से इनकार किया तो एक पुलिसकर्मी ने उन्हें थप्पड़ मार दिया और उनके साथ मारपीट की। घटना के बाद मौके पर जमकर हंगामा हुआ और लोगों ने पुलिस के व्यवहार पर नाराजगी जताई।
वायरल वीडियो से मचा बवाल:
घटना के बाद शिवनारायण केवट ने राज्य के मत्स्य उप-निदेशक मनोज कुमार ठाकुर को पूरे मामले की जानकारी दी। उप-निदेशक ने तत्काल रामगढ़ एसपी मुकेश लुनायत को मामले से अवगत कराते हुए जांच कराने का आग्रह किया। इसी बीच घटनास्थल का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिससे मामला तूल पकड़ गया।
वायरल वीडियो में मत्स्य मित्र और उनके सहयोगी पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग करते नजर आ रहे हैं। वीडियो में गोला थाना के एसआई स्वामी रंजन ओझा भी दिखाई दे रहे हैं।
धूप में खड़ी रही गाड़ी, 5 लाख मत्स्य बीज नष्ट होने का दावा:
पीड़ित पक्ष का आरोप है कि पुलिस ने वाहन को काफी देर तक तपती धूप में रोके रखा, जिसके कारण वाहन में रखे लगभग पांच लाख मत्स्य बीज मर गए। इससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा और बीज तालाब तक नहीं पहुंच सके।
मुख्यमंत्री ने लिया संज्ञान:
मामले के सामने आने और वीडियो वायरल होने के बाद मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने रामगढ़ पुलिस प्रशासन को दोषी कर्मियों के खिलाफ तत्काल जांच कर सख्त कार्रवाई करने का निर्देश दिया है। अब पूरे मामले की जांच पर सभी की निगाहें टिकी हैं।

