डीआईजी ने खुलवाई फाइल, आठ महीने बाद पॉक्सो और छेड़खानी के ब्लाइंड केस का आरोपी ऑटो चालक निहाल अहमद गिरफ्तार

पलामू।करीब आठ महीने से पुलिस के लिए चुनौती बने पॉक्सो और छेड़खानी के ब्लाइंड केस का आखिरकार खुलासा हो गया है। पलामू पुलिस ने मामले में कार्रवाई करते हुए नाबालिग से छेड़छाड़ के आरोपी ऑटो चालक निहाल अहमद को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी छतरपुर थाना क्षेत्र के मसीहानी टोला का रहने वाला है।
पुलिस के अनुसार, 27 नवंबर 2025 को नावाबाजार थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लड़की ऑटो से सफर कर रही थी। इसी दौरान चालक ने उसके साथ छेड़खानी की। खुद को बचाने के प्रयास में पीड़िता चलती ऑटो से कूद गई, जिससे वह घायल हो गई। घटना के बाद पीड़िता की शिकायत पर पॉक्सो एक्ट समेत अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया गया था, लेकिन आरोपी की पहचान नहीं हो सकी थी।
मामले में नया मोड़ तब आया, जब पलामू रेंज के डीआईजी किशोर कौशल ने लंबित पॉक्सो और छेड़खानी के मामलों की समीक्षा की। जांच में देरी पर उन्होंने संबंधित अधिकारियों से जवाब-तलब किया और केस को प्राथमिकता के आधार पर सुलझाने के निर्देश दिए।
इसके बाद बिश्रामपुर एसडीपीओ चिरंजीवी मंडल के नेतृत्व में विशेष जांच शुरू की गई। पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती आरोपी और उसके ऑटो की पहचान करना था, क्योंकि घटना के समय ऑटो पर नंबर नहीं था और चालक ने मोबाइल फोन का भी इस्तेमाल नहीं किया था।
तकनीकी साक्ष्यों और ह्यूमन इंटेलिजेंस के आधार पर पुलिस ने आरोपी तक पहुंच बनाई और उसे गिरफ्तार कर लिया। जांच में यह भी सामने आया कि घटना वाले दिन आरोपी पहली बार नावाबाजार क्षेत्र में ऑटो लेकर गया था और वारदात के बाद दोबारा उस इलाके में नहीं लौटा।
डीआईजी किशोर कौशल ने बताया कि ब्लाइंड केस का सफल खुलासा करने वाली टीम ने सराहनीय काम किया है और उसे पुरस्कृत किया जाएगा। वहीं, एसडीपीओ चिरंजीवी मंडल ने कहा कि तकनीकी जांच और ह्यूमन इनपुट के बेहतर समन्वय से आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता मिली।

