गुमला:डायन बताकर वृद्ध की बेरहमी से हत्या, पत्नी ने छिपकर बचायी जान,आरोपी फरार
गुमला।झारखण्ड के गुमला सदर थाना क्षेत्र के मुरकुंडा पंचायत अंतर्गत कोटेनगसेरा गांव में अंधविश्वास की एक भयावह घटना सामने आई है। डायन-बिसाही के आरोप में 65 वर्षीय पालु खड़िया की कथित रूप से पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। आरोपियों ने उनकी पत्नी सुगी देवी को भी मार डालने की कोशिश की, लेकिन वह किसी तरह जान बचाकर भाग निकली और पूरी रात इधर-उधर छिपकर गुजारी। गुरुवार सुबह घर लौटने पर उसने अपने पति को मृत अवस्था में पाया।
जानकारी के अनुसार, मृतक के पड़ोसी बहुरा उरांव के परिवार में कुछ समय से लोग बीमार चल रहे थे। बीमारी का कारण जानने के लिए उसने एक भगत को घर बुलाकर झाड़फूंक करवाई। आरोप है कि झाड़फूंक के दौरान भगत ने पालु खड़िया और उनकी पत्नी पर डायन-बिसाही कर परिवार को बीमार करने का आरोप लगाया। इसके बाद बहुरा उरांव ने दोनों पति-पत्नी को अपने घर बुलाया और उन पर डायन होने का आरोप लगाते हुए मारपीट शुरू कर दी।
ग्रामीणों के मुताबिक मारपीट के दौरान पालु खड़िया को बुरी तरह पीटा गया। उन्हें दीवार पर पटक दिया गया, जिससे उनके सिर में गंभीर चोट लगी और वे बेहोश होकर गिर पड़े। इस दौरान उनकी पत्नी की भी पिटाई की गई। अपनी जान पर खतरा देखते हुए वह वहां से भाग निकली।आरोपियों ने उसे पकड़ने का प्रयास किया, लेकिन वह किसी तरह अंधेरे का फायदा उठाकर बच निकलने में सफल रही।
बताया जाता है कि महिला के भाग जाने के बाद आरोपियों ने गंभीर रूप से घायल पालु खड़िया को उनके घर लाकर बिस्तर पर छोड़ गए। रातभर इलाज नहीं मिलने के कारण उनकी मौत हो गई। वहीं उनकी पत्नी पूरी रात भय के साए में गांव के आसपास छिपी रही। सुबह घर पहुंचने पर उसने पति को मृत पाया और पड़ोसियों को इसकी सूचना दी। घटना की जानकारी मिलते ही सदर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। एसआई विनय महतो के नेतृत्व में पुलिस टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और ग्रामीणों से पूछताछ की। शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया गया है।
घटना के बाद मुख्य आरोपी बहुरा उरांव गांव छोड़कर फरार हो गया है। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। इस हृदयविदारक घटना के बाद कोटेनगसेरा गांव में भय और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों ने घटना की कड़ी निंदा करते हुए दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। यह घटना एक बार फिर समाज में फैले अंधविश्वास और डायन-बिसाही जैसी कुप्रथाओं की भयावह सच्चाई को उजागर करती है, जिसमें बेगुनाह लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ रही है।

