अरगोड़ा चोरीकांड में राँची पुलिस का बड़ा खुलासा: 8 शातिर गिरफ्तार,11.38 लाख नकद व भारी मात्रा में माल बरामद

राँची। राँची के अरगोड़ा थाना क्षेत्र में हुई बड़ी चोरी की गुत्थी सुलझाते हुए पुलिस को उल्लेखनीय सफलता मिली है। दर्ज मामले की पड़ताल के दौरान पुलिस ने एक संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए आठ आरोपियों को दबोच लिया है। आरोपियों की निशानदेही पर 11.38 लाख रुपए नकद, 169 पीस सेना मेडल और धातु के भारी बंडल समेत भारी मात्रा में चोरी का सामान बरामद किया गया है। यह पूरी कार्रवाई अरगोड़ा थाना कांड संख्या 221/26 (दिनांक 20 अगस्त 2026) के तहत की गई। यह मामला भारतीय न्याय संहिता की धारा 303(2) के अंतर्गत दर्ज है। इस सफल उद्भेदन टीम में हटिया नीरज कुमार, अरगोड़ा थाना प्रभारी सतीश कुमार गोरेई, पुलिस पदाधिकारी पिंटू कुमार, चंदन कुमार गुप्ता के अलावा अरगोड़ा/बीआईटी मेसरा पुलिस टीम तथा धुर्वा/विधानसभा थाना का सशस्त्र बल शामिल रहा।
अरगोड़ा से चोरी कर ले जाते टोटो में समान
ऐसे हुआ इस बड़े चोर गिरोह का खुलासा
इस चोर गिरोह का खुलासा के पीछे काफी रोचक कहानी है। 19 अगस्त को दिन में 2.50 बजे में अरगोड़ा थाना के ठीक पीछे रहने वाले एक अखबार में काम करने वाले वरीय पत्रकार के घर के ठीक सामने रखा उनका लोहे का ग्रिल व गेट एक कबाड़ी वाले ने तीन अन्य लोगो के साथ मिलकर चोरी कर ई रिक्शा (टुकटुक) से ले गया।। दिन के 3.30 बजे जब वह पत्रकार अपने घर के पास पहुंचा तो वहां ग्रिल व गेट नहीं मिला। वहां काम कर रहे एक लेबर ने बताया कि चार लोग आए थे और जबरन उसे उठा कर ले गए। इसके बाद उक्त पत्रकार ने वहां आसपास लगे सीसीटीवी को खंगालना शुरू किया। सीसीटीवी में उक्त कबाड़ वाला ग्रिल व गेट ले जाते दिख गया। पत्रकार ने काफी मशक्कत कर उस टुकटुक पर लिखे एक मोबाइल नंबर को निकाला। उक्त मोबाइल नंबर को वेरीफाइ कराया। फिर कुछ अपने सुभेक्षुओं की मदद ली। उसका लोकेशन ट्रेस करवाया। जब कंफर्म हो गया कि उक्त नंबर उसी टुकटुक वाले का है तब उसे तुरंत अरगोड़ा थाना प्रभारी सतीश गोराई को फावर्ड किया। उन्हें पूरी जानकारी दी। इस पूरे प्रकरण में सबसे अहम भूमिका राँची एसएसपी राकेश रंजन की रही। उन्हें जैसे ही इसकी सूचना मिली उन्होंने तुरंत अरगोड़ा थाना प्रभारी को तुरंत कार्रवाई करने का निर्देश दिया। रात में 10 बजे अरगोड़ा थाना प्रभारी एक टीम के साथ उक्त नंबर वाले व्यक्ति को ढूंढने के लिए निकले। अपने तकनीकी सहयोग से वे उस व्यक्ति तक देर रात पहुंच गए। लेकिन जब उन्होंने चोरी गए ग्रिल व गेट के लिए खोजबीन शुरू की तो उन्हें चोर के साथ साथ चोर का पूरा गिरोह हाथ लग गया। पता चला कि इन लोगो ने बड़े कांड को भी अंजाम दिया है और ये एक बड़ा गिरोह है। इस तरह इस बड़े चोर गिरोह का रांची पुलिस ने खुलासा किया और एक साथ दो कांड का उद्भेदन हुआ।
बरामद टोटो
गुप्त ठिकाने पर छापेमारी: पूछताछ से मिला सुराग
गिरफ्तार आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ के दौरान चोरी के माल को छिपाने के मुख्य ठिकाने की जानकारी मिली। आरोपियों ने बताया कि अरगोड़ा के अलावा अन्य इलाकों से चुराया गया सामान राँची के रिंग रोड स्थित ग्राम पारचुंड के एक मकान में डंप किया गया है। सूचना के सत्यापन के बाद पुलिस टीम ने 21 अगस्त 2026 को थाना सदर (मेसरा) क्षेत्र स्थित कैलाश ठाकुर के मकान पर दबिश देकर जब्ती सूची तैयार की।
बरामदगी का ब्योरा:
– नकदी: 11,38,500 नकद
– विशिष्ट वस्तुएं: लोहे का सेना मेडल (169 पीस)
– एल्युमिनियम का घोड़ा (वजन 1 किग्रा)
– पीतल की थाली
– चांदी जैसी धातु की पायल (5 पीस)
– सैमसंग मॉनिटर (1 पीस)
– की-बोर्ड (1 पीस)
– मिक्सी मशीन (1 पीस)
– एल्युमिनियम केबल (2 बंडल, ~50 किग्रा)
– गलाया हुआ एल्युमिनियम तार (3 बंडल, ~50 किग्रा)
– खाली गैस सिलेंडर (2 पीस)
– दो मोटरसाइकिलें
गिरफ्तार आरोपियों की सूची एवं उनका नेटवर्क
गिरफ्तार आठ आरोपियों में बिहार के सीतामढ़ी और राँची के स्थानीय क्षेत्रों के लोग शामिल हैं। इनमें त्रिवेणी कुमार साह, सरोज कुमार साह,रामविनय साह, देवनारायण साह, रंजन कुमार, गुरुदेव कुमार, विजय कुमार साह, अमरेश साह, आरोपियों के तार सीतामढ़ी (बिहार) के साथ-साथ राँची के सिरसिया बाजार, लक्ष्मीपुर और पारचुंड इलाके से जुड़े हैं।
अंतरराज्यीय नेटवर्क और स्रोत की पड़ताल जारी
पुलिस अब बरामद 11.38 लाख रुपये नकद, 169 पीस सेना मेडल और धातु के स्रोत का मिलान अन्य थानों में दर्ज चोरी के मामलों से कर रही है। पुलिस का मानना है कि पूछताछ में गिरोह के अन्य सहयोगियों और खरीदारों के नाम सामने आने पर आने वाले दिनों में और भी गिरफ्तारियां व बरामदगी संभव हैं।

