खूंटी में मॉब लिंचिंग! बकरी चोरी के शक में रातभर जंगल में पेड़ों से बांधकर पीटा, एक युवक की मौत, दो घायल

खूंटी।झारखण्ड के खूंटी जिले से भीड़ के इंसाफ (भीड़ तंत्र) और हैवानियत का एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। मुरहू थाना क्षेत्र के बिंदादीरी गांव में बकरी चोरी के शक में उग्र ग्रामीणों ने चार युवकों को घेर लिया और कानून हाथ में लेते हुए तीन युवकों को लाठी-डंडों व हॉकी स्टिक से बेरहमी से पीटा। इतने से भी जब मन नहीं भरा, तो ग्रामीणों ने घायलों को रातभर पास के जंगल में ले जाकर अलग-अलग पेड़ों से बांधकर रखा।

​इस बर्बरता में गंभीर रूप से घायल एक युवक ने अस्पताल ले जाते समय दम तोड़ दिया, जबकि दो अन्य की जान किसी तरह बची। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। खूंटी के डीएसपी मंगल सिंह जामुदा ने मामले की पुष्टि करते हुए इसे सीधे तौर पर ‘मॉब लिंचिंग’ करार दिया है।

​ऑल्टो कार से पहुंचे थे चार युवक, बकरियों की आवाज से खुली पोल

​पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, रविवार की देर रात गुमला जिले के सिसई थाना क्षेत्र अंतर्गत बगनी गांव के चार युवक दिलदार अंसारी, फिरोज अंसारी, निजाम अंसारी और गुड्डू अंसारी एक ऑल्टो कार में सवार होकर खूंटी जिले के बिंदादीरी गांव पहुंचे थे।

​गांव वालों का दावा है कि ये चारों युवक गांव में बकरी चोरी की नीयत से दाखिल हुए थे। देर रात बकरियों की अप्रत्याशित आवाजें सुनकर गांव के कुछ लोग जागे और शोर मचा दिया। देखते ही देखते पूरा गांव गोलबंद हो गया और ग्रामीणों ने चारों युवकों को चारों तरफ से घेर लिया।

​रातभर चलता रहा प्रताड़ना का दौर, एक युवक जान बचाकर भागा

​भीड़ के शिकंजे में फंसते ही चारों पर लाठी-डंडे और हॉकी स्टिक बरसने लगे। इस अफरा-तफरी और मारपीट के बीच चौथा युवक गुड्डू अंसारी किसी तरह भीड़ को चकमा देकर अंधेरे का फायदा उठाते हुए ऑल्टो कार लेकर मौके से फरार हो गया।इधर, बाकी बचे तीन युवकों दिलदार, फिरोज और निजाम को उग्र भीड़ खींचते हुए गांव के पास स्थित जंगल में ले गई। वहां तीनों को अलग-अलग पेड़ों से कसकर बांध दिया गया और पूरी रात उनके साथ बुरी तरह मारपीट की गई।

​सुबह पहुंची पुलिस, अस्पताल ले जाते वक्त तोड़ा दम

​सुबह जब पुलिस को बिंदादीरी के जंगल में युवकों को बंधक बनाकर रखे जाने की खबर मिली, तो डीएसपी मंगल सिंह जामुदा के नेतृत्व में भारी पुलिस बल मौके पर पहुंचा। पुलिस ने फौरन तीनों युवकों को पेड़ों से खोलकर अपने कब्जे में लिया और तत्काल इलाज के लिए सदर अस्पताल की ओर रवाना हुई।

​हालांकि, प्रताड़ना का दंश झेल चुके दिलदार अंसारी की हालत बेहद नाजुक थी और उसने अस्पताल पहुंचने से पहले रास्ते में ही दम तोड़ दिया। दूसरे घायल फिरोज अंसारी का इलाज खूंटी सदर अस्पताल में चल रहा है, जबकि निजाम को भी गहरी चोटें आई हैं।

​पुलिस की कार्रवाई: दोषियों की पहचान और गिरफ्तारी जारी

​घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने इलाके में गश्त बढ़ा दी है और गांव में तनाव को देखते हुए स्थिति पर नजर रखे हुए है।मामले की जानकारी देते हुए डीएसपी मंगल सिंह जामुदा ने स्पष्ट कहा कि हमें बकरी चोरी के संदेह में ग्रामीणों द्वारा मारपीट किए जाने की सूचना मिली थी। अस्पताल ले जाने के दौरान एक घायल युवक की मौत हो गई। शुरुआती जांच और साक्ष्यों के आधार पर यह साफ तौर पर मॉब लिंचिंग का मामला है। केस दर्ज कर लिया गया है, घटना में शामिल उपद्रवियों की पहचान की जा रही है और जल्द ही कानून को हाथ में लेने वालों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जाएगा।पुलिस अब इस बात की भी गहनता से तफ्तीश कर रही है कि युवक वास्तव में चोरी के इरादे से आए थे या मामला कुछ और था। 

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