झारखण्ड के गढ़वा पुलिस ने सासाराम से राजद प्रत्याशी को किया गिरफ्तार, 21 साल पुराने मामले में हुई कार्रवाई…
गढ़वा/सासाराम।बिहार विधानसभा चुनाव में उतरे सासराम के राजद प्रत्याशी सत्येंद्र साहु को नामंकन के तुरंत बाद गिरफतार कर लिया गया है।इन्हें गढ़वा पुलिस ने सासाराम पुलिस के सहयोग से गिरफ्तार किया है।दरअसल, गढवा पुलिस को 21 वर्ष पुराने डकैती के मामले में सत्येंद्र साहु की तलाश थी।इनकी गिरफ्तारी सासाराम अनुमंडल कार्यालय परिसर से उस समय किया गया जब ये पूरे दलबल के साथ नामांकन करने पहुंचे थे। झारखण्ड पुलिस को उनके नामांकन की सूचना पहले से ही थी।इसलिए सत्येंद्र साहु जैसे ही अपनी नामांकन प्रक्रिया पूरी करके बाहर निकले उन्हें पुलिस के द्वारा गिरफतार कर लिया गया।सत्येंद्र साहु की गिरफतारी से थोड़ी देर तक अनुमंडल परिसर में अफरातफरी का माहौल बना रहा मगर सासाराम पुलिस ने मामले को संभाल लिया।गिरफ्तारी के बाद सत्येंद्र साह को झारखण्ड पुलिस गढ़वा लेकर पहुंची है।जहा उन्हें मंगलवार को कोर्ट के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा।
गढ़वा एसडीपीओ नीरज कुमार ने बताया कि सत्येंद्र साहु के खिलाफ 2004 में गढ़वा में एफआईआर दर्ज हुआ था। सत्येंद्र साहु कांड संख्या 320/2004 के आरोपी हैं।यह मुकदमा डकैती से जुड़ा हुआ है। एसडीपीओ ने बताया कि मामले में वारंट पहले से जारी था उन्हें गिरफ्तार किया गया है और गढ़वा लाया गया है।
पुलिस के अनुसार,गढ़वा थाना के लाल वारंट थे, जिसमें उनको गिरफ्तार करके पुलिस यहां लाई और अब जेल भेजने की तैयारी की जा रही है।
बता दें कि सत्येंद्र साहु के साथ बड़ी संख्या में राजद के कार्यकर्ता और परिजन भी गढ़वा पहुंचे हैं।मंगलवार को पूरे मामले में पता चल पाएगा कि राजद प्रत्याशी सत्येंद्र साहु को न्यायिक हिरासत में भेजा जाता है या उन्हें जमानत मिलती है।
सत्येंद्र साहु की गिरफतारी को बिहार में राजद को बडे झटके के तौर पर भी देखा जा रहा है। दरअसल रविवार को झारखण्ड सरकार का नेतृत्व कर रहे झारखण्ड मुक्ति मोर्चा एवं महागठबंधन के घटक दलों के बीच विवाद भी सामने आया था। झारखण्ड मुक्ति मोर्चा बिहार में अपने प्रत्याशियों की घोषणा नहीं कर पाई है और राष्ट्रीय जनता दल पर कई गंभीर आरोप भी लगाए थे।

