चाईबासा: आधी रात में कुल्हाड़ी से काटकर दंपती की बेरहमी से हत्या, नाले में फेंकी लाशें; डायन-बिसाही के शक में वारदात की चर्चा

चाईबासा।पश्चिमी सिंहभूम जिले के कुमारडुंगी थाना क्षेत्र के गांडकीदा गांव (बिश्रामपुर टोला) में गुरुवार देर रात अज्ञात अपराधियों ने एक खौफनाक वारदात को अंजाम दिया। 45 वर्षीय डोंका सिंकु और उनकी 40 वर्षीया पत्नी गोरवारी सिंकु की टांगी (कुल्हाड़ी) से काटकर निर्मम हत्या कर दी गई। शुक्रवार सुबह दोनों के शव गांव के सरकारी तालाब के पास एक नाले से बरामद हुए।
सुबह जब ग्रामीण तालाब की ओर गए, तब दोनों शवों पर नजर पड़ी। पीड़ितों के सिर पर धारदार हथियार के गहरे निशान पाए गए हैं। गांव के मुंडा कमल किशोर हेम्ब्रम की सूचना पर पहुंची पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीपीओ रफायल मुर्मू और पुलिस इंस्पेक्टर ने खुद घटनास्थल का जायजा लिया।
पुलिस जमीन विवाद और अंधविश्वास (डायन-बिसाही) समेत तमाम पहलुओं पर ग्रामीणों से पूछताछ कर जांच में जुटी है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही आरोपियों को बेनकाब कर सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
बताया जाता है कि हत्यारों ने इतनी बेरहमी से वार किया कि दोनों के सिर लहूलुहान हो गए और फिर जुर्म के निशानों को छुपाने के लिए शवों को पास के नाले में फेंक दिया गया।शुक्रवार की सुबह जब गांव के लोग सरकारी तालाब की तरफ बढ़े, तो पानी के नाले में पड़ी लाशें देखकर सन्नाटा पसर गया। देखते ही देखते खबर आग की तरह फैली और पूरे इलाके में डर का माहौल बन गया।
गांव की गलियों में दबी जुबान से चर्चाएं तैर रही हैं—क्या यह जुर्म जमीन के किसी पुराने विवाद का नतीजा है, या फिर एक बार फिर अंधविश्वास और ‘डायन-बिसाही’ के कुरुप साये ने दो मासूमों की बलि ले ली।

