गुमला में अवैध संबंध के शक में सिलबट्टे से कूचकर हत्या,आरोपी ने खुद थाना में जाकर किया सरेंडर…

गुमला।शक इंसान को किस कदर हैवान बना देता है, इसकी एक रूह कंपा देने वाली मिसाल झारखण्ड के गुमला से सामने आई है। सदर थाना क्षेत्र के पुगु खोपा टोली में गुरुवार देर रात एक ऐसी वारदात हुई, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। अपनी पत्नी के साथ अवैध संबंध के महज एक शक ने एक शख्स के सिर पर खून सवार कर दिया। आरोपी ने 42 वर्षीय अनु भूषण टोप्पो की सिलबट्टे से कूच-कूचकर बेरहमी से हत्या कर दी।
इस खौफनाक हत्याकांड की सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि वारदात को अंजाम देने के बाद कातिल पुलिस से छुपकर भागा नहीं। शुक्रवार की सुबह-सुबह वह खुद सीधे सदर थाने पहुंचा और पुलिस के सामने जाकर आत्मसमर्पण कर दिया। उसने खुद चिल्ला-चिल्लाकर पूरी वारदात की जानकारी दी, जिसके बाद थाने में हड़कंप मच गया।
परदेस से लौटा था पति, दिमाग में सुलग रही थी शक की चिंगारी
स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक आरोपी जगन्नाथ उरांव कुछ महीने पहले तक दूसरे राज्य में मजदूरी करता था। जब वह गांव लौटा, तो उसके दिमाग में यह शक घर कर गया कि उसकी पत्नी और अनु भूषण टोप्पो के बीच प्रेम-प्रसंग चल रहा है। इसी बात को लेकर घर में अक्सर कलेश होता रहता था।
घटना वाले दिन गुरुवार को अनु भूषण के खेत में धान की रोपाई चल रही थी। शाम को जब अनु भूषण मेहनत-मजदूरी के बाद अपने घर लौटा, तो उसने देखा कि जगन्नाथ की पत्नी उसके घर में बैठी है। जगन्नाथ भी वहां पहुंच गया और अपनी पत्नी को घसीटकर घर ले जाने की जिद करने लगा। लेकिन मारपीट के डर से पत्नी उसके साथ जाने को राजी नहीं हुई, जिसे लेकर दोनों के बीच भारी हंगामा खड़ा हो गया।
मामला बढ़ता देख पंचायत के मुखिया पति इरकन लकड़ा ने बीच-बचाव किया। इसके बाद अनु भूषण ने भी जगन्नाथ की पत्नी को समझाया-बुझाया और खुद भी मामला शांत कराने के मकसद से जगन्नाथ के घर चला गया। अनु भूषण को जरा भी इल्म नहीं था कि जिस इंसान का गुस्सा शांत कराने वह उसके घर जा रहा है, वह उसकी जान का प्यासा बैठा है।रात को सब कुछ सामान्य दिख रहा था। अनु भूषण और जगन्नाथ दोनों एक ही साथ रात में सोए। लेकिन जगन्नाथ के मन में तो सिर्फ कत्ल का फितूर चढ़ चुका था।
सन्नाटे में बरसा सिलबट्टा, सोने के दौरान ली जान
जैसे ही रात के सन्नाटे में अनु भूषण गहरी नींद में सोया, जगन्नाथ चुपचाप उठा। उसने रसोई से भारी-भरकम सिलबट्टा उठाया और सोए हुए अनु भूषण के सिर पर एक के बाद एक कई ताबड़तोड़ वार कर दिए। हमला इतना अचानक और घातक था कि अनु भूषण को संभलने या शोर मचाने तक का मौका नहीं मिला। मौके पर ही तड़प-तड़पकर उसकी मौत हो गई।
पुलिस महकमे में हड़कंप, छानबीन में जुटी टीम
शुक्रवार सुबह जब आरोपी ने खुद थाने पहुंचकर आत्मसमर्पण किया, तो पुलिस तुरंत एक्शन में आई। एसआई बिनय कुमार महतो पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और खून से लथपथ शव को कब्जे में लिया। पुलिस ने शव को पोस्टमॉर्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। फिलहाल पुलिस आरोपी को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है और हत्या में इस्तेमाल सिलबट्टे को जब्त कर लिया है। पुलिस का कहना है कि अवैध संबंध की बात अभी ग्रामीणों की जुबानी है, मामले के हर पहलू की गहराई से तफ्तीश की जा रही है।

