झारखण्ड हाईकोर्ट में सशरीर पेश हुए चतरा एसपी सुमित अग्रवाल, हैबियस कॉर्पस में हुई सुनवाई…
राँची।झारखण्ड हाईकोर्ट में 1 अप्रैल 2026 बुधवार को को चतरा के एसपी सुमित अग्रवाल सशरीर पेश हुए सुनवाई जस्टिस सुजीत नारायण प्रसाद की अध्यक्षता वाली खंडपीठ में हुई। मामले की सुनवाई अख्तरी खातून की हैबियस कॉर्पस याचिका पर चल रही थी, जिसमें मैट्रिक के एक परीक्षार्थी को अवैध हिरासत में रखने का आरोप था।पिछली सुनवाई में अनुपस्थित रहने वाले पीड़ित अब्दुल हकीम भी कोर्ट में उपस्थित हुआ।
अख्तरी खातून ने अदालत में याचिका दायर की थी, जिसमें आरोप लगाया गया कि उनके बेटे को बिना किसी कानूनी आधार के हिरासत में रखा गया। अदालत ने इस मामले में तथ्यों की जांच करने के लिए एसपी सुमित अग्रवाल को सशरीर उपस्थित होने का आदेश दिया। इससे अदालत को यह समझने में मदद मिली कि हिरासत किस आधार पर की गई और क्या पुलिस ने आवश्यक कानूनी दस्तावेज तैयार किए हैं।
झारखण्ड हाईकोर्ट ने 26 फरवरी 2026 को चतरा के डीएसपी और टंडवा तथा लावालौंग के थाना प्रभारी को तलब किया था।इस दौरान तीनों अधिकारियों के मोबाइल जब्त करके उन्हें कोर्ट रूम में उपस्थित कराया गया।अदालत ने एसपी को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भी पेश होने और रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया था।
अदालत ने चतरा एसपी से स्पष्ट रूप से पूछा कि हिरासत किस आधार पर ली गई, क्या केस डायरी तैयार की गई और पुलिस ने कानूनी प्रक्रिया का पालन किया या नहीं।कोर्ट ने निर्देश दिया कि सभी दस्तावेज और रिपोर्ट जल्द से जल्द प्रस्तुत किए जाएं। चतरा एसपी ने अदालत के सामने रिपोर्ट पेश की। अगली सुनवाई में अदालत इन सब बातों की समीक्षा करेगी और हिरासत के कानूनी आधार पर निर्णय देगी।

