राइफल साफ करने के दौरान गलती से ट्रिगर दबा और राइफल से निकली गोली जवान के सिर में जा लगी,जवान की मौत..
चाईबासा।झारखण्ड के पश्चिमी सिंहभूम जिले के गुवा थाना में पदस्थापित जैप-09 साहेबगंज के हवलदार बारगी उरांव (52 वर्ष) की मंगलवार को गोली लगने से मौत हो गई। जानकारी के अनुसार हवलदार अपने बैरक में इन्सास राइफल की सफाई कर रहे थे। इसी दौरान गलती से ट्रिगर दब गया और राइफल से निकली गोली उनके सिर में जा लगी। घटना मंगलवार की शाम करीब 5:30 बजे की बताई जा रही है। मौके पर ही उनकी मौत हो गई।घटना के बाद पूरे थाना परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। साथी जवान उन्हें बचाने की कोशिश में तत्काल नजदीकी अस्पताल ले जाने की तैयारी में जुटे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। बुधवार को हवलदार का शव चाईबासा सदर अस्पताल लाया गया है।इस बीच घटना की जानकारी अनुमंडल पदाधिकारी, जगन्नाथपुर ने जिला दंडाधिकारी-सह-उपायुक्त चाईबासा को दी।
इसके बाद उपायुक्त ने आदेश जारी कर शव का पोस्टमार्टम मेडिकल बोर्ड से कराने का निर्देश दिया है ।इसके लिए अंचल अधिकारी खूंटपानी, फुलेश्वर साव को दंडाधिकारी नियुक्त किया गया है। साथ ही तीन सदस्यीय मेडिकल बोर्ड का भी गठन किया गया है, जिसमें सदर अस्पताल चाईबासा के चिकित्सक डॉ. चन्दन कुमार रवि, डॉ. शिरिल संदीप सवैया और डॉ. दीपक कुमार सिन्हा शामिल हैं।पोस्टमार्टम पूरी तरह दंडाधिकारी की देख-रेख में और वीडियोग्राफी के साथ कराया जाएगा।
इधर पुलिस सूत्रों ने बताया कि हवलदार बारगी उराँव बेहद अनुशासित और जिम्मेदार जवान थे। यह घटना पूरी तरह एक हादसा है, इसमें किसी तरह की लापरवाही की गुंजाइश नहीं है।फिलहाल पूरे मामले की औपचारिक जांच की जा रही है। गुवा थाना क्षेत्र के स्थानीय ग्रामीणों ने इस घटना पर गहरा दुख जताया है।
ग्रामीणों ने कहा कि जवान इलाके की सुरक्षा के लिए दिन-रात डटे रहते हैं। उनकी मौत से बल में ही नहीं, गांव के लोगों में भी शोक की लहर दौड़ गई है। हवलदार बारगी उराँव मूल रूप से गुमला जिला के उहीपाद गांव के रहने वाले थे। परिवार और गांव वालों को खबर मिलते ही माहौल गमगीन हो गया।

