चुनाव आयोग की बड़ी सौगात: SIR अभियान में लगे BLO और सुपरवाइजरों को मिलेगा 6,000 रुपये का विशेष एकमुश्त मानदेय

नई दिल्ली। भारत निर्वाचन आयोग (Election Commission of India) ने लोकतंत्र की बुनियादी रीढ़ माने जाने वाले बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) और बीएलओ सुपरवाइजरों के पक्ष में एक बड़ा और अत्यंत सराहनीय निर्णय लिया है। देश भर में चल रहे विशेष गहन संशोधन (Special Intensive Revision – SIR) अभियान की जटिलता और कार्यबल की कड़ी मेहनत को देखते हुए आयोग ने उन्हें एक विशेष वित्तीय प्रोत्साहन देने का एलान किया है।
आयोग द्वारा सचिव पवन दीवान (के हस्ताक्षरों से जारी पत्र (संख्या: 23/BLO/2026-ERS, दिनांक 14 जुलाई 2026) के अनुसार, इस अभियान में कार्यरत प्रत्येक बीएलओ और बीएलओ सुपरवाइजर को ₹6,000 का एकमुश्त मानदेय प्रदान किया जाएगा। यह राशि उनके नियमित या वार्षिक पारिश्रमिक के अतिरिक्त होगी। इस आदेश की प्रति देश के कई प्रमुख राज्यों जैसे आंध्र प्रदेश, हरियाणा, झारखण्ड, कर्नाटक, महाराष्ट्र, ओडिशा, पंजाब, दिल्ली और उत्तराखंड आदि के मुख्य निर्वाचन अधिकारियों (CEOs) को तत्काल अनुपालन के लिए भेज दी गई है।
निर्वाचन सूची (वोटर लिस्ट) को पूरी तरह शुद्ध, सटीक और त्रुटिहीन बनाने के लिए वर्तमान में देश भर में विशेष गहन संशोधन (SIR) अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत बीएलओ और सुपरवाइजर भीषण गर्मी, मूसलाधार बारिश और दूर-दराज के दुर्गम इलाकों की परवाह किए बिना घर-घर जाकर डेटा एकत्र कर रहे हैं। इस कार्य की प्रकृति बेहद चुनौतीपूर्ण है, जिसमें नए मतदाताओं के नाम जोड़ना, प्रविष्टियों को दुरुस्त करना और सूची से मृत या स्थानांतरित हो चुके नागरिकों के गलत नाम हटाना शामिल है।
स्थानीय स्तर पर काम करने वाले ये अधिकारी मुख्य रूप से सरकारी स्कूल के शिक्षक, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता या अन्य स्थानीय विभागों के कर्मचारी होते हैं। उनके इस जमीनी प्रयास और भारी कार्यभार को रेखांकित करते हुए चुनाव आयोग ने इस अतिरिक्त वित्तीय प्रोत्साहन का ऐलान किया है, जिससे उनके मनोबल में भारी वृद्धि तय मानी जा रही है।
गौरतलब है कि चुनावी अमले के कल्याण के लिए आयोग की तरफ से उठाया गया यह कोई पहला कदम नहीं है। इससे ठीक पहले चुनाव आयोग ने बीएलओ का वार्षिक मानदेय सीधे दोगुना कर दिया था। इसके साथ ही, निर्वाचन इतिहास में पहली बार ईआरओ (ERO) और एईआरओ (AERO) के लिए भी विशेष सम्मान राशि का प्रावधान किया गया था। अब इसी सिलसिले को आगे बढ़ाते हुए एसआईआर (SIR) के लिए ₹6,000 की यह विशेष एकमुश्त राशि स्वीकृत की गई है।
विभिन्न राज्यों में प्रगति रिपोर्ट: कर्नाटक में 92% से अधिक काम पूरा
आंकड़ों के मुताबिक, देश के कई हिस्सों में यह अभियान अपनी अंतिम और बेहद सफल अवस्था में पहुंच चुका है। कई राज्यों में 90 प्रतिशत से अधिक का लक्ष्य हासिल कर लिया गया है:
कर्नाटक: यहाँ घर-घर जाकर फॉर्म वितरण और सत्यापन का 92% से अधिक कार्य सफलतापूर्वक पूरा किया जा चुका है।
हरियाणा: यहाँ सत्यापन की अंतिम समय-सीमा बेहद नजदीक है और काम युद्धस्तर पर जारी है।
आंध्र प्रदेश और अन्य राज्य: इन राज्यों में कार्य को और सुचारू बनाने के लिए चुनाव आयोग ने हाल ही में नई तिथियों के साथ संशोधित एसआईआर (SIR) शेड्यूल भी जारी किया है।

