24 जिलों में कल छात्र करेंगे विरोध प्रदर्शन,राँची के अल्बर्ट एक्का चौक पर होगा पुतला दहन,20 अगस्त को सीएम आवास घेराव का एलान…

 

राँची। झारखण्ड में JPSC और JSSC भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर चल रहा छात्र आंदोलन लगातार तेज होता जा रहा है। आंदोलनकारी छात्रों ने अब विरोध-प्रदर्शन को राज्यव्यापी रूप देने की रणनीति तैयार की है। छात्रों ने घोषणा की है कि रविवार को झारखण्ड के सभी 24 जिलों में विरोध प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। इस दौरान मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और कांग्रेस नेता राहुल गांधी के पुतले का दहन कर सरकार और राजनीतिक नेतृत्व के प्रति अपना विरोध दर्ज कराया जाएगा।

राजधानी में होगा मुख्य प्रदर्शन
छात्रों के मुताबिक, राज्यव्यापी कार्यक्रम का मुख्य केंद्र राजधानी राँची रहेगा। राँची अल्बर्ट एक्का चौक पर बड़ी संख्या में छात्र और अभ्यर्थी जुटेंगे। यहां प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी की जाएगी और पुतला दहन कर अपनी मांगों को लेकर आवाज बुलंद की जाएगी।आंदोलनकारियों का कहना है कि भर्ती परीक्षाओं को लेकर छात्रों के बीच लंबे समय से असंतोष है और अब इस मुद्दे को राज्य के प्रत्येक जिले तक पहुंचाने की तैयारी की गई है। छात्रों ने अधिक से अधिक संख्या में युवाओं से प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की है।

JPSC-JSSC परीक्षा विवाद से शुरू हुआ आंदोलन
झारखण्ड में चल रहा यह आंदोलन मुख्य रूप से JPSC और JSSC की भर्ती परीक्षाओं में कथित गड़बड़ियों, पारदर्शिता और परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े सवालों को लेकर केंद्रित है। पिछले 22 दिनों से राँची में छात्र लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। आंदोलनकारियों की ओर से परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई समेत कई मांगें उठाई जा रही हैं।स्वतंत्रता दिवस के मौके पर भी छात्रों ने राँची में तिरंगा यात्रा निकाली थी। यह यात्रा जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम से अल्बर्ट एक्का चौक तक पहुंची। इससे स्पष्ट है कि आंदोलन अब लगातार व्यापक रूप ले रहा है।

सरकार की ओर से भी दिया जा चुका है आश्वासन
वहीं, मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर भर्ती परीक्षाओं को लेकर कहा कि परीक्षा व्यवस्था में गड़बड़ी से युवाओं का भरोसा प्रभावित हुआ है। उन्होंने परीक्षा प्रणाली में सुधार, पारदर्शिता और निष्पक्ष कार्रवाई की बात कही है। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा है कि दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी और परीक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने की दिशा में कदम उठाए जा रहे हैं।हालांकि, छात्रों का कहना है कि केवल आश्वासन से उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होगा। वे अपनी मांगों पर ठोस और स्पष्ट कार्रवाई चाहते हैं। इसी वजह से आंदोलन को आगे भी जारी रखने की रणनीति बनाई जा रही है।

20 अगस्त को सीएम आवास घेराव का भी ऐलान
राज्यव्यापी पुतला दहन के बाद आंदोलनकारी छात्रों ने 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास के घेराव का भी ऐलान किया है। शनिवार को खुले मंच से इसकी घोषणा की गई। इससे आने वाले दिनों में आंदोलन और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं। आंदोलनरत छात्रों ने आज स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर स्पष्ट घोषणा कर दी है कि सरकार 18 अगस्त तक छात्रों की सभी मांगों को माने, अन्यथा 20 अगस्त को झारखण्ड के लाखों छात्र मुख्यमंत्री आवास का जोरदार घेराव करेंगे।इससे पहले भी आंदोलनकारी छात्रों के प्रदर्शन को देखते हुए राँची में प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई है। मुख्यमंत्री आवास के आसपास सुरक्षा और बैरिकेडिंग की गई है तथा प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन सतर्क है।

शांतिपूर्ण प्रदर्शन की अपील
छात्र नेताओं ने राज्य के युवाओं से बड़ी संख्या में कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की है। आंदोलनकारियों का कहना है कि उनका संघर्ष छात्रों के भविष्य और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता के लिए है। हालांकि, बड़े स्तर पर प्रस्तावित कार्यक्रम को देखते हुए प्रशासन के सामने कानून-व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती भी रहेगी।अब सबकी नजर रविवार को होने वाले राज्यव्यापी विरोध प्रदर्शन पर है। खासकर राँची के अल्बर्ट एक्का चौक पर होने वाले प्रदर्शन में कितनी संख्या में छात्र जुटते हैं और आंदोलनकारी आगे की क्या रणनीति घोषित करते हैं, यह महत्वपूर्ण होगा।

 

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