लातेहार:रेलवे लाइन सर्वे करने पहुंची टीम को ग्रामीणों ने बनाया बंधक,जमकर हुआ बवाल…मौके पर पहुंची पुलिस ने शांत कराया…

लातेहार।झारखण्ड के लातेहार जिले के सदर थाना क्षेत्र के आरागुंडी गांव में शुक्रवार को जमकर बवाल हुआ।रेलवे लाइन का सर्वे करने गांव पहुंची टीम को कुछ ग्रामीणों ने बंधक बना लिया।घटना के बाद पूरा गांव दो गुटों में बंट गया।लगभग 2 घंटे तक चले भारी बवाल के बीच पुलिस गांव पहुंची और सर्वे टीम को सुरक्षित गांव से बाहर निकाली।हालांकि इस दौरान एक व्यक्ति सर्वे टीम को ले जाने वाली गाड़ी को रोकने के क्रम में गंभीर रूप से घायल हो गया है। घटना के बाद गांव में स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है।
बताया जाता है कि शुक्रवार को आरागुंडी गांव में रेलवे लाइन सर्वे करने वाली टीम पहुंची थी। इसकी जानकारी होने के बाद आदिवासी समाज के लोग सर्वे टीम का यह कहते हुए विरोध करने लगे कि ग्राम सभा की अनुमति के बिना गांव में घुसने का अधिकार सर्वे टीम को नहीं है।नाराज ग्रामीणों ने सर्वे टीम को बंधक बना लिया।
वहीं,सर्वे टीम को बंधक बनाए जाने की सूचना मिलने के बाद गांव के ही कुछ ग्रामीण इसका विरोध करने लगे और बंधक बनाए गई टीम के सदस्यों को छुड़वाने लगे।देखते ही देखते गांव दो गुटों में बंट गया और भारी बवाल शुरू हो गया।इस दौरान ग्रामीणों के बीच जमकर हाथापाई भी हुई।
इधर, घटना की जानकारी मिलने के बाद पुलिस की टीम तत्काल घटनास्थल पर पहुंच गई और मामले को शांत करने का प्रयास किया।पुलिस ने सर्वे टीम के सदस्यों को वाहन में बैठकर सुरक्षित गांव से बाहर निकलने लगी।इस दौरान भी आदिवासी समाज के लोग पुलिस की गाड़ी को रोक कर यह मांग करने लगे कि सर्वे टीम बताए कि आखिर किसके आदेश पर वह गांव में सर्वे करने आई थी।
तनाव बढ़ता देख पुलिस की टीम रास्ता बदलकर सर्वे टीम के सदस्यों को सुरक्षित गांव से बाहर निकालने लगी तो वाहन को रोकने के दौरान एक व्यक्ति सुरेंद्र उरांव को गंभीर रूप से चोट भी आ गई।सुरेंद्र उरांव को चोट लगने से ग्रामीण आक्रोशित हो गए और हंगामा करने लगे। बाद में लातेहार से पुलिस की अतिरिक्त टीम को भेजी गई और ग्रामीणों को समझा- बुझाकर मामले को शांत कराया गया।वहीं घायल व्यक्ति को एम्बुलेंस से इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया।इधर, तनाव की स्थिति को देखते हुए पुलिस की टीम गांव में ही कैंप कर रही है।
इधर, इस संबंध में लातेहार एसपी कुमार गौरव ने कहा कि मामले की जानकारी मिलने के बाद पुलिस की टीम तत्काल गांव पहुंच गई थी और विवाद को सुलझा लिया गया है।उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि किसी भी सूरत में कानून को अपने हाथ में ना लें।यदि किसी मामले को लेकर ग्रामीणों को कोई समस्या या विरोध हो तो इसकी शिकायत प्रशासनिक अधिकारियों से करें। प्रावधान के तहत मामले में निश्चित रूप से कार्रवाई की जाएगी।कानून सभी के लिए बराबर है और सभी के अधिकारों की रक्षा भी करती है। उन्होंने कहा कि कानून को हाथ में लेना किसी भी समस्या का समाधान नहीं है।

