स्कॉर्पियो की तलाशी में निकला गांजे का जखीरा, 60 लाख के गांजे के साथ दो तस्कर गिरफ्तार…

 

पलामू। पलामू पुलिस ने नशे के कारोबार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए 121 किलोग्राम गांजा बरामद किया है। पुलिस ने गांजा तस्करी के आरोप में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत करीब 60 लाख रुपये बताई जा रही है। तस्करी में इस्तेमाल की जा रही कार से पुलिस को फर्जी नंबर प्लेट भी मिले हैं।पुलिस के अनुसार, यह गांजा ओडिशा के संबलपुर से लाकर पलामू के हरिहरगंज पहुंचाया जाना था। इससे पहले ही पुलिस ने तस्करों की योजना को ध्वस्त कर दिया।

गुप्त सूचना पर रात में घेराबंदी
एसपी कपिल चौधरी के अनुसार, 25 अगस्त की रात करीब 11:30 बजे पुलिस को सूचना मिली थी कि लातेहार के मनिका की ओर से सफेद रंग की स्कॉर्पियो कार में भारी मात्रा में गांजा लेकर तस्कर मेदिनीनगर की तरफ जा रहे हैं।सूचना मिलते ही प्रशिक्षु डीएसपी मृत्युंजय गोप के नेतृत्व में सतबरवा थाना क्षेत्र के पास वाहन जांच अभियान शुरू किया गया। पुलिस ने संदिग्ध वाहनों पर नजर रखनी शुरू कर दी।

डिक्की और सीट के नीचे छिपाकर रखा था गांजा
रात करीब 12:05 बजे पुलिस ने संदिग्ध स्कॉर्पियो को रोक लिया। वाहन की तलाशी शुरू हुई तो पुलिस भी हैरान रह गई। कार की डिक्की और आगे की सीट के नीचे छिपाकर रखे गए 117 पैकेटों में कुल 121 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ।पुलिस ने मौके से गांजा जब्त करने के साथ कार में सवार दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

ड्राइवर और बैंक संचालक निकले तस्करी के आरोपी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सतबरवा थाना क्षेत्र के झाबर गांव निवासी मनोज कुमार यादव उर्फ बाबू (25) और शम्भू कुमार यादव (30) के रूप में हुई है।पुलिस के मुताबिक मनोज पेशे से ड्राइवर है, जबकि शम्भू लेस्लीगंज में बैंक ऑफ इंडिया के सीएसपी का संचालन करता है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि दोनों तस्करी के इस नेटवर्क से कब से जुड़े थे और इनके पीछे कौन-कौन लोग काम कर रहे हैं।

पुलिस से बचने के लिए बदलते थे नंबर प्लेट
प्रारंभिक जांच में तस्करों की एक और चाल सामने आई है। पुलिस के अनुसार, तस्कर ओडिशा में वाहन पर ओडिशा का नंबर प्लेट लगाते थे। झारखण्ड में प्रवेश करने के बाद वाहन पर झारखण्ड का नंबर प्लेट लगा दिया जाता था, ताकि पुलिस की जांच से बचा जा सके।जब्त कार फिलहाल मेदिनीनगर निवासी एक व्यक्ति के नाम पर पंजीकृत बताई जा रही है। पुलिस अब वाहन के मालिक से भी पूछताछ करेगी और यह पता लगाने का प्रयास करेगी कि कार तस्करों तक कैसे पहुंची।

60 लाख के गांजे ने खोली तस्करी के बड़े नेटवर्क की परत
पुलिस की इस कार्रवाई से करीब 60 लाख रुपये के गांजे की खेप पकड़ी गई है। इतनी बड़ी मात्रा में गांजा बरामद होने के बाद पुलिस अब पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुट गई है।जांच का मुख्य फोकस इस बात पर है कि ओडिशा के संबलपुर से गांजा किसके जरिए भेजा गया, पलामू में इसकी डिलीवरी किसे होनी थी और इसके पीछे कौन लोग आर्थिक रूप से जुड़े हैं।पुलिस गिरफ्तार दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है। उम्मीद है कि पूछताछ के बाद गांजा तस्करी से जुड़े कुछ और नाम सामने आ सकते हैं।

नशे के कारोबार पर पुलिस का शिकंजा
पलामू पुलिस की इस कार्रवाई को नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ बड़ी सफलता माना जा रहा है। एक ही वाहन से 121 किलो गांजा बरामद होने से साफ है कि तस्कर बड़ी खेप को झारखंड में खपाने की तैयारी में थे।पुलिस अब बरामद गांजे, वाहन और फर्जी नंबर प्लेट से जुड़े सभी पहलुओं की जांच कर रही है। साथ ही तस्करी के इस नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों तक पहुंचने के लिए भी कार्रवाई आगे बढ़ाई जा रही है।

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