पारिवारिक विवाद के बाद नदी में कूदी नाबालिग, तेज बहाव के बीच पत्थर पर बैठी रही; डैम का गेट बंद कर कराया गया रेस्क्यू

बोकारो। तेनुघाट में बुधवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब पारिवारिक विवाद के बाद एक नाबालिग लड़की ने नदी में छलांग लगा दी। नदी में पानी का तेज बहाव होने के कारण लड़की बहने के बजाय बीच धार में एक पत्थर पर जाकर फंस गई। करीब दो घंटे तक वह पत्थर पर बैठकर मदद का इंतजार करती रही। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों और प्रशासनिक टीम ने रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया।
घटना तेनुघाट कॉज-वे के पास की बताई जा रही है। लड़की के नदी में कूदने की सूचना मिलते ही मौके पर लोगों की भीड़ जुट गई। नदी में पानी का बहाव तेज होने के कारण तत्काल नदी में उतरकर लड़की तक पहुंचना जोखिम भरा था। ऐसे में रेस्क्यू टीम ने सावधानीपूर्वक बचाव अभियान शुरू किया।
बताया गया कि लड़की नदी की तेज धार के बीच एक पत्थर पर बैठी हुई थी। पानी का बहाव लगातार तेज रहने के कारण उसके बह जाने का खतरा बना हुआ था। करीब दो घंटे तक चले प्रयास के बाद उसे सुरक्षित बाहर निकालने में सफलता मिली।
रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान तेनुघाट डैम के गेट को बंद कराने की कार्रवाई की गई, ताकि नदी में पानी का बहाव कम हो सके और बचाव दल को लड़की तक पहुंचने में आसानी हो। पानी का स्तर और बहाव नियंत्रित होने के बाद रेस्क्यू टीम ने लड़की को सुरक्षित बाहर निकाला।घटना के बाद मौके पर काफी संख्या में स्थानीय लोग जुट गए थे। करीब दो घंटे तक चले इस पूरे घटनाक्रम के दौरान लोगों की सांसें अटकी रहीं। लड़की के सुरक्षित बाहर निकलने के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार नाबालिग लड़की का अपने परिवार में किसी बात को लेकर विवाद हुआ था। इसी के बाद उसने आवेश में आकर नदी में छलांग लगा दी। हालांकि विवाद की वास्तविक वजह क्या थी, इसकी पूरी जानकारी सामने नहीं आई है। पुलिस मामले की जानकारी जुटा रही है।फिलहाल सबसे राहत की बात यह रही कि नदी के तेज बहाव के बावजूद लड़की पत्थर पर फंसी रही और समय रहते रेस्क्यू टीम ने उसे सुरक्षित बाहर निकाल लिया। घटना ने एक बार फिर बरसात के मौसम में नदी और डैम क्षेत्र के आसपास बढ़ते जलस्तर तथा तेज बहाव के खतरे को सामने ला दिया है।

