JSSC-CGL परीक्षा में अनुचित लाभ का मामला, फूड इंस्पेक्टर समेत तीन अभ्यर्थी जेल भेजे गए
राँची। JSSC-CGL प्रतियोगिता परीक्षा में कथित तौर पर अनुचित लाभ लेने के मामले में सीआईडी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन अभ्यर्थियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। कार्रवाई सीआईडी थाना कांड संख्या 01/2025 के तहत की गई है। गिरफ्तार आरोपियों में फूड इंस्पेक्टर संजय कुमार भी शामिल हैं। संजय से पिछले तीन दिनों से सीआईडी की टीम पूछताछ कर रही थी।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अजय कुमार, पिता सीताराम प्रसाद, निवासी खास नंदुडीह, थाना सतगावां, जिला कोडरमा; संजय कुमार, पिता मनोज साव, निवासी पिहरा, थाना गांवा, जिला गिरिडीह और रामाकृष्णा कुमार सिंह, पिता अजय कुमार सिंह, निवासी कटरियाटांड़, थाना धनवार, जिला गिरिडीह के रूप में हुई है।सीआईडी ने जिन्हें गिरफ्तार किया है, उनमें जमशेदपुर का फूड इंस्पेक्टर संजय कुमार, स्वास्थ्य विभाग में पदस्थापित कनीय सचिवालय सहायक अजय कुमार तथा एक अन्य सफल अभ्यर्थी रामाकृष्णा कुमार सिंह शामिल हैं।फूड इंस्पेक्टर संजय कुमार मूल रूप से गिरिडीह के गांवा थाना क्षेत्र के पिहरा गांव के रहने वाले हैं। सीआईडी उनसे पिछले तीन दिनों से हर दिन बुलाकर पूछताछ कर रही थी।
वहीं, दूसरे आरोपी अजय कुमार मूल रूप से कोडरमा जिले के सतगांवा थाना क्षेत्र के नंदुडीह पोस्ट स्थित खाब के निवासी हैं। तीसरे आरोपी रामाकृष्णा कुमार सिंह गिरिडीह जिले के ही धनवार थाना क्षेत्र के कटरियाटांड़ के निवासी हैं। तीसरे गिरफ्तार सफल अभ्यर्थी रामाकृष्णा कुमार सिंह के बारे में जानकारी है कि वह दस्तावेज सत्यापन तक में सफल हुआ था, लेकिन मेरिट लिस्ट में उसका नाम नहीं आया था।तीनों ही आरोपी अप्राथमिकी अभियुक्त हैं। इनपर आरोप है कि इनलोगों ने जेएसएससी सीजीएल की परीक्षा में अनुचित लाभ प्राप्त तो किया ही, इन लोगों ने अन्य अभ्यर्थियों को भी उक्त परीक्षा में पास करवाने का ठेका लिया, उनसे वसूली की और उन्हें भी प्रश्न व उत्तर रटवाया। सीआईडी ने उनसे पूर्व में भी कई बार पूछताछ की थी। उनके विरुद्ध पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद उन्हें गिरफ्तार की है।
नए सिरे से जांच के बाद अब तक 20 आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार
जेएसएससी सीजीएल में कथित पेपर लीक मामले में सीआईडी ने एक जनवरी 2025 को सीआईडी थाना कांड संख्या 01/2025 में प्राथमिकी दर्ज की थी। इसके बाद से ही पूरे मामले की जांच चल रही है। नए सिरे से जांच के क्रम में पूर्व में 17 आरोपी गिरफ्तार हुए थे। अब इस मामले में गिरफ्तार आरोपी की संख्या 20 हो गई है।
30 दिसंबर 2025 को स्वास्थ्य विभाग में पदस्थापित हुए थे अजय कुमार
गिरफ्तार सफल अभ्यर्थी अजय कुमार का पदस्थापन 30 दिसंबर 2025 को स्वास्थ्य विभाग में कनीय सचिवालय सहायक के पद पर हुआ था। उनका चयन जेएसएससी सीजीएल परीक्षा 2023 में हुआ था। उनका पदस्थापन झारखण्ड सचिवालय लिपिकीय सेवा अंतर्गत कनीय सचिवालय सहायक के पद पर हुआ था।
पूछताछ में सामने आए नए तथ्यों की सीआईडी कर रही जांच
सीआईडी की जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के मुताबिक, संजय कुमार पर कई अभ्यर्थियों को परीक्षा में अनुचित लाभ पहुंचाने में सहयोग करने का आरोप है। जांच में यह बात सामने आई है कि अभ्यर्थियों को प्रश्नों के उत्तर बताने, उनकी सीटिंग और परीक्षा केंद्र में उनके आने-जाने में सहयोग किए जाने की जानकारी सीआईडी को मिली है। इन तथ्यों के आधार पर सीआईडी अभ्यर्थियों के बयान और अन्य साक्ष्यों का सत्यापन कर रही है।
मामले में आगे भी हो सकती है कार्रवाई
सीआईडी के अनुसार, तीनों आरोपियों ने JSSC-CGL परीक्षा में अनुचित लाभ प्राप्त किया था। जांच के क्रम में तीनों को गिरफ्तार किया गया और इसके बाद न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। परीक्षा में कथित गड़बड़ी से जुड़े इस मामले में सीआईडी की जांच अभी जारी है और पूछताछ में सामने आए तथ्यों के आधार पर अन्य लोगों की भूमिका भी जांच के दायरे में है।

