राँची के एमिटी यूनिवर्सिटी के बाहर विधायक पुत्र से मारपीट और कथित अपहरण मामले में बड़ी कार्रवाई,करीब आधा दर्जन आरोपी कोलकाता और राँची से गिरफ्तार
राँची। चतरा विधानसभा क्षेत्र से लोजपा (रामविलास) विधायक जनार्दन पासवान के बेटे सौरभ कुमार से मारपीट और कथित अपहरण के चर्चित मामले में राँची पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने मामले में शामिल बताए जा रहे पांच आरोपियों को कोलकाता से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रौनक सिंह राजपूत, प्रकाश गुप्ता, आयुष कुमार, प्रीतम और ज्ञानदीप के रूप में हुई है। पुलिस अब सभी आरोपियों को राँची लाकर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।गिरफ्तार आरोपियों में भाजपा अपर बाजार मंडल के युवा मोर्चा के अध्यक्ष भी बताया जा रहा है।
घटना 7 सितंबर को राँची के विधानसभा थाना क्षेत्र स्थित एमिटी यूनिवर्सिटी के मुख्य गेट के बाहर हुई थी। सौरभ कुमार यूनिवर्सिटी से निकलने के बाद अपनी गाड़ी के पास पहुंचे थे। इसी दौरान कुछ युवकों के साथ उनका विवाद हुआ। आरोप है कि युवकों ने उनके साथ मारपीट की और इसके बाद उन्हें जबरन एक वाहन में बैठाकर वहां से ले गए।घटना की सूचना मिलते ही राँचीपुलिस सक्रिय हो गयी थी। पुलिस ने शहर के विभिन्न इलाकों में वाहनों की जांच शुरू करने के साथ ही घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। पुलिस की कार्रवाई के बाद सौरभ को कुछ ही समय में सकुशल बरामद कर लिया गया था।
सौरभ की शिकायत के आधार पर विधानसभा थाना में प्राथमिकी दर्ज की गयी थी। मामले में कई लोगों को नामजद किया गया था और पुलिस उनकी तलाश में लगातार छापेमारी कर रही थी। जांच के दौरान पुलिस को आरोपियों के कोलकाता में होने की जानकारी मिली। इसके बाद राँची पुलिस की टीम ने वहां कार्रवाई करते हुए पांचों को गिरफ्तार कर लिया।
घटना के बाद पुलिस ने यूनिवर्सिटी के आसपास के सीसीटीवी फुटेज के अलावा आरोपियों और घटना से जुड़े अन्य लोगों के बारे में तकनीकी जानकारी जुटायी। शुरुआती जांच में पुलिस को पता चला कि घटना के बाद आरोपी राँचीसे बाहर निकल गए थे। इसी आधार पर उनकी तलाश दूसरे राज्यों तक पहुंची और आखिरकार कोलकाता से पांच आरोपियों को पकड़ा गया।
बता दें इस वारदात में मुख्य आरोपी राँची पुलिस का एक दरोगा का बेटा भी है।वहीं एक राजनीति दल से जुड़ा युवा मोर्चा के एक नेता भी शामिल है।सूत्रों के अनुसार ,युवा नेता भी गिरफ्तार हुआ है।
दूसरे पक्ष ने भी दर्ज करायी थी एफआईआर
इस पूरे मामले में बाद में नया मोड़ भी आया। दूसरे पक्ष की ओर से भी विधानसभा थाना में प्राथमिकी दर्ज करायी गयी है। इसमें सौरभ कुमार समेत पांच लोगों पर मारपीट, गला दबाने, पैसे और सोने का लॉकेट छीनने तथा धमकी देने जैसे आरोप लगाए गए हैं। पुलिस दोनों पक्षों की शिकायतों की जांच कर रही है।पुलिस के सामने अब मुख्य चुनौती घटना के वास्तविक क्रम, दोनों पक्षों के बीच विवाद की वजह और किसकी क्या भूमिका रही, इसे जांच के आधार पर स्पष्ट करना है। शुरुआती रिपोर्टों में घटना को लेकर छात्रों के दो गुटों के बीच विवाद की बात भी सामने आयी थी।
फिलहाल पांच आरोपियों की गिरफ्तारी को इस मामले में पुलिस की महत्वपूर्ण कार्रवाई माना जा रहा है। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ के बाद पुलिस घटना से जुड़े अन्य पहलुओं और इसमें शामिल लोगों की भूमिका को लेकर और जानकारी जुटा सकती है।

