फर्जी ट्रेडिंग फाइनेंस के जरिए साढ़े चार करोड़ की ठगी,सीआईडी टीम ने एमपी से साइबर अपराधी को किया गिरफ्तार…
राँची।झारखण्ड सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच के द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन से साइबर अपराधियों को देश के कोने-कोने से गिरफ्तार किया जा रहा है।इसी क्रम में 4.61 करोड़ रुपए की ठगी करने वाले एक साइबर अपराधी को मध्य प्रदेश के सिवनी से गिरफ्तार किया गया है।नकली इन्वेस्टमेंट और ट्रेडिंग्स एप्स के माध्यम से फर्जी ट्रेडिंग फाइनेंस के जरिए ठगी करने वाले गिरोह के एक शातिर साइबर अपराधी पवन गौड़ को सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच ने मध्य प्रदेश से गिरफ्तार किया है।शुक्रवार को सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच के द्वारा जारी प्रेस रिलीज के अनुसार अपराध अनुसंधान विभाग के साइबर क्राइम थाना में कांड संख्या 109/25 दर्ज किया गया था। इस केस में पीड़ित से फेसबुक पर एक फर्जी ऐप डाउनलोड कराया और निवेश का विज्ञापन दिखाकर कुल 4.61 करोड़ की ठगी की गई।
वादी को व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़कर फर्जी ऐप डाउनलोड करने को कहा गया।जहां झूठा लाभ दिखा कर उसे कई बार पैसे का निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया। जब आवेदनकर्ता के द्वारा पैसे जमा कर दिए गए तब जितने भी व्हाट्सएप ग्रुप बने थे सबको अचानक बंद कर दिया गया। इन्वेस्टमेंट का लालच देने वाले लोगों से आवेदनकर्ता ने कई बार संपर्क किया लेकिन कोई संपर्क नहीं हो पाया।इसके बाद उन्हें यह समझ में आया कि उनके साथ एक बड़ी ठगी को अंजाम दिया गया है। जिसके बाद उन्होंने सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच में एफआईआर दर्ज करवाया।
सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच के द्वारा जब मामले की तफ्तीश शुरू की गई तब यह जानकारी मिली कि इस कांड को मध्य प्रदेश के सिवनी से अंजाम दिया गया है। टेक्निकल सेल के माध्यम से साइबर क्राइम ब्रांच के द्वारा सिवनी की कोतवाली थाना क्षेत्र में छापेमारी कर साइबर अपराधी पवन गौड़ को गिरफ्तार किया गया।
सीआईडी के साइबर क्राइम ब्रांच के जांच में यह बात सामने आई है कि ठगी के लिए केनरा बैंक के खाते का इस्तेमाल किया गया था।इस खाते के खिलाफ आंध्र प्रदेश में दो, असम में एक बिहार में एक, दिल्ली में 6, गोवा में एक, केरल में 11, कर्नाटक में तीन, उत्तर प्रदेश में तीन, झारखंड में तीन, तेलंगाना में तीन, महाराष्ट्र में 11, पंजाब में दो और पश्चिम बंगाल में 51 शिकायतें दर्ज हैं।

