हरियाणा/झारखण्ड:महिला ने प्रेमी संग मिलकर किया पति का मर्डर…50 वें दिन मृतक के भाई की शिकायत पर पुलिस ने 64 वें दिन किया खुलासा…पति गायब पत्नी चली गई मायके,यही से खुला हत्या का राज…..

 

गोड्डा/फरीदाबाद/।हरियाणा के फरीदाबाद में एक महिला ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर पति की पत्थरों से पीट-पीटकर हत्या कर दी। हत्या को हादसा दिखाने के लिए उसके शव को रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया। ट्रेन की चपेट में आने से शव बुरी तरह क्षतिग्रसत हो गया, जिससे उसकी पहचान नहीं हो पाई।पुलिस ने भी इसे ट्रेन हादसा मानते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। पहचान नहीं होने पर अंतिम संस्कार भी कर दिया। मगर, 50 दिन बाद पुलिस के पास पहुंचे एक युवक ने अपने भाई के लापता होने की शिकायत दी। पुलिस ने जब शव के फोटो और कपड़े दिखाई तो युवक ने उसकी पहचान अपने भाई सुमन के रूप में की।इसके बाद पुलिस ने इन्वेस्टिगेशन आगे बढ़ाई तो सबसे पहला शक सुमन की पत्नी अंजनी पर गया, जो उसके लापता होने के बाद से ही अपने मायके चली गई थी। पुलिस ने उसे थाने बुलाकर पूछताछ की तो उसने मुस्लिम प्रेमी संग मिलकर सुमन की हत्या की बात कबूल कर ली।इसके बाद पुलिस ने अंजनी के प्रेमी को भी गिरफ्तार कर लिया। सोमवार को पुलिस ने इस केस का खुलासा किया तो हर कोई मर्डर की कहानी को जानकार हैरान रह गया।

1 दिसंबर को रेलवे ट्रैक पर मिला था सुमन का शव

एसीपी क्राइम वरुण दहिया ने बताया कि पुलिस को 1 दिसंबर 2025 को मेवला महाराजपुर गांव के पास रेलवे ट्रैक पर एक 36 वर्षीय युवक का क्षत-विक्षत शव मिला था। ट्रेन गुजरने से युवक का सिर दो टुकड़ों में हो गया था, जिससे उसकी पहचान कर पाना बेहद मुश्किल हो गया था। प्रथम दृष्टया यह मामला ट्रेन से कटने का प्रतीत हो रहा था। सूचना मिलने पर जीआरपी पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल भिजवाया था। साथ ही शिनाख्त न होने के चलते पुलिस की ओर से पहचान संबंधी कार्रवाई जारी की गई थी।

72 घंटे बाद पुलिस ने शव का अंतिम संस्कार कराया

एसीपी के मुताबिक, शव को 72 घंटे तक पोस्टमॉर्टम हाउस में रखा गया। मृतक के फोटो और हुलिया बताते हुए आसपास के थानों और क्षेत्रों में जानकारी शेयर की गई, लेकिन पहचान नहीं हो सकी। इसके बाद पुलिस मृतक का अंतिम संस्कार करा दिया। मगर, मृतक के फोटो, कपड़े और कुछ सामान को रख लिया गया, ताकि कोई मिसिंग कंप्लेन आई तो इनसे शिनाख्त कराई जा सके।

50 दिन बाद भाई ने दी थी लापता होने की शिकायत

एसीपी ने आगे बताया कि 18 जनवरी को सूरजकुंड थाना क्षेत्र में झारखण्ड के गोड्डा क्षेत्र के युवक सनी ने शिकायत दर्ज कराई कि उसका भाई सुमन 30 नवंबर से लापता है। पुलिस ने मिसिंग रिपोर्ट की जांच के दौरान एक दिसंबर को मिले शव के फोटो और कपड़ों आदि भी सनी को दिखाए। सनी ने कपड़ों और हुलिए के आधार पर मृतक की पहचान अपने भाई सुमन के रूप में की। बताया कि सुमन झा इसके बाद पुलिस ने पूरे मामले की गंभीरता से जांच शुरू की।

एसीपी वरुण दहिया ने बताया कि पुलिस ने जांच शुरू की तो पता चला कि सुमन के लापता होने के बाद ही उसकी पत्नी अंजनी अपनी ससुराल झारखण्ड चली गई थी। इससे शक हुआ कि जिसका पति लापता हो और वह अपने मायके चली जाए। इस पर अंजनी को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की वह टूट गई। उसने पश्चिम बंगाल के रहने वाले युवक रियाउल से प्रेम प्रसंग में सुमन की हत्या की बात कबूल की।

एक कंपनी में करते थे काम, संबंध बने, सुमन को चल गया था पता

एसीपी ने आगे बताया कि जांच में सामने आया कि सुमन और उसकी पत्नी अंजनी फरीदाबाद के मेवला महाराजपुर में किराए के एक मकान में रहते थे। यहीं पश्चिम बंगाल के मालदा का रहने वाला रिआउल भी किराए पर रहता था। सुमन ऑटो चलता था जबकि उसकी पत्नी अंजनी और रियाउल एक ही कंपनी में काम करते थे। यहीं से उनके बीच जान-पहचान हुई और धीरे-धीरे यह रिश्ता प्रेम प्रसंग में बदल गया। सुमन को जब इस अवैध संबंध की जानकारी हुई, तो वह इसका विरोध करने लगा। इसके चलते दोनों ने उसे रास्ते से हटाने की साजिश रची।

नशे की हालत में पत्थर से सिर पर किए वार, ट्रेन के आगे फेंका

एसीपी ने बताया कि पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि साजिश के तहत सुमन को रेलवे ट्रैक के आसपास के इलाके में बुलाया गया। बातचीत के बहाने उसे पहले शराब पिलाई गई। नशे की हालत में आने के बाद पत्थर से उसके सिर पर कई वार किए गए, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। हत्या के बाद शव को उठाकर रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया गया, ताकि यह मामला ट्रेन हादसा प्रतीत हो सके। ट्रेन के गुजरने से सुमन का सिर दो टुकड़ों में हो गया था।

एसीपी के मुताबिक, हत्या के बाद अंजनी अपने ससुराल गोडा, झारखण्ड चली गई थी और वहां चुपचाप रहने लगी। जब उसे लगा कि मामला शांत हो गया है और किसी को कुछ पता नहीं चल पाया है, तो वह दोबारा फरीदाबाद लौट आई। जब 50 दिन तक संपर्क न होने पर सुमन के भाई सनी ने फरीदाबाद पहुंच कर गुमशुदगी दर्ज कराई। इसके बाद पुलिस ने पहले अंजनी और फिर रिआउल को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा कर दिया।

पुलिस ने दोनों आरोपियों को रिमांड पर लिया पूछताछ के दौरान जब पुलिस ने सख्ती से सवाल किए, तो अंजनी और उसके प्रेमी रिआउल ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। एसीपी वरुण कुमार दहिया ने बताया कि सुमन और अंजनी की शादी करीब 15 साल पहले हुई थी। सुमन के दो बच्चे हैं। दोनों काम की तलाश में कई साल पहले फरीदाबाद में आए थे। फिलहाल दोनों आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लिया गया है और उनसे हत्या से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है। पूछताछ पूरी होने के बाद दोनों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा।

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