राज्य प्रशासनिक सेवा के 15 अधिकारी बने आईएएस
राँची।झारखण्ड के राज्य सिविल सेवा (एससीएस) के 15 अधिकारियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) में पदोन्नति दी गई है। केंद्र सरकार के कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने सोमवार को इस संबंध में अधिसूचना जारी कर दी है। जारी अधिसूचना के अनुसार राष्ट्रपति ने झारखण्ड कैडर के राज्य सिविल सेवा के चयनित अधिकारियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा (भर्ती) नियम, 1954 के नियम 8 (1) तथा भारतीय प्रशासनिक सेवा (पदोन्नति द्वारा नियुक्ति) विनियम, 1955 के विनियम 9 (1) के तहत भारतीय प्रशासनिक सेवा में नियुक्त करने की मंजूरी दी है। आदेश के अनुसार इन अधिकारियों की नियुक्ति भारत सरकार द्वारा निर्धारित रिक्तियों के विरुद्ध की गई है।
इस प्रक्रिया में झारखण्ड राज्य सरकार से परामर्श भी किया गया है। नियुक्त किए गए सभी अधिकारियों को भारतीय प्रशासनिक सेवा के झारखण्ड कैडर में आवंटित किया गया है और उन्हें फिलहाल प्रोबेशन (परिवीक्षा) पर रखा जाएगा। इन अधिकारियों का चयन झारखण्ड सरकार से परामर्श और निर्धारित रिक्तियों के आधार पर किया गया है। इन्हें अब भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी के रूप में जिम्मेदारी निभानी होगी।
अधिसूचना में यह भी स्पष्ट किया गया है कि इन अधिकारियों को वर्ष 2024 की चयन सूची के तहत निर्धारित रिक्तियों के आधार पर नियुक्त करते हुए उन्हें भारतीय प्रशासनिक सेवा (कैडर) नियम, 1954 के प्रावधानों के अनुसार झारखण्ड कैडर में आवंटित किया गया है। हालांकि, अधिसूचना में यह स्पष्ट कहा गया है कि इन नियुक्तियों पर झारखण्ड हाईकोर्ट में दायर याचिका (डब्ल्यूपी (एस) संख्या 2565/2024) के अंतिम निर्णय का असर पड़ सकता है। यह याचिका राधेश्याम प्रसाद द्वारा दायर की गई है, जिसका मामला अभी न्यायालय में लंबित है। याचिका के कारण पवन कुमार मंडल, राजीव रंजन, अमित कुमार एवं संजय पीएम कुजूर की प्रोन्नति को लंबित रखा गया है।
जिन्हें मिली आईएएस में प्रान्नति
दिलेश्वर महतो, इश्तेयाक अहमद, बिद्या नंद शर्मा पंकज, संगीता लाल, रॉबिन टोप्पो, नयन तारा केरकेट्टा, अरुण कुमार सिंह, आलोक शिकारी कच्छप, अनिलसन लकड़ा, नागेंद्र पासवान, सुबोध कुमार, आसिफ एकराम, नीरज कुमार सिंह, जुल्फिकार अली और अर्चना मेहता।
